Tuesday, April 15, 2014

कर्म

ये जिंदगी तू मुझसे सारे कर्म करवा,
बस इतना करम करना, किसी के आँख से आंसू ना बहे|| (SJ)

Sunday, April 13, 2014

खुशी

किसी की खुशी को यु अपनी खुशी ना बना,
की उसकी एक पल की खामोशी तुम्हारी जिंदगी मे तूफान ले आए||
और जिस रब ने उसे दिया, तुम्हे उसी से नफ़रत हो जाए ||(SJ)

अश्क

लोग पूछते है की मैं रोता क्यो नही,
उन्हे क्या पता मैने अपने अश्क कुछ हसीन पलो के लिए बचा रक्खे है ||(SJ)

Thursday, April 10, 2014

सरहदे

ये तो दिलो की दूरिया है  जो हमें मिलने नहीं देती
सरहदे तो लोग रोज पार करते है (S J)

गुर्राता

जिनके दर्द देख, खून खौल जाता था
अब उनसे, आँख मैं चुराता हु
 
कहने को तो शेर हु
पर बस, अब मै गुर्राता हु (S J)

शर्म

स्वेत सब स्यामल हुए
प्याले भरे, पर प्यास रह गयी
जो कुछ शर्म बची थी
वो आँखो से बह गयी (SJ)

सपने

जब मेरी,  दुनिया हुई बड़ी
मैं खुद मे ही सिमट कर रह गया
 
और
 
सपने कही जो हमारे थे
वो कब, मेरे  हुए पता ना चला